झिलमिल सितारों के आँगन में दीप जलाएंगे,
लक्ष्मी पूजन के साथ बड़ो को शीश नवाएँगे ।
सुख समृद्वि और प्रकाश हो आपके जीवन में,
आप और हम ख़ुशी ख़ुशी दीपावली मनाएँगे।।
हुआ अविष्कार दीपक का ज्ञान प्रकाश उत्कर्षित हुआ।
दीपक के प्रकाश से ही अँधेरा स्वयं द्वारा ग्रसित हुआ।
चौदह वर्ष बाद राम आये तो जगमगा गयी थी अयोध्या
पुलकित हुयी सम्पूर्ण धरा,जब मन बड़ा ही हर्षित हुआ।।



